Thursday, 15 December 2016

Day By Day

*"What We are doing day by day that We are becoming day by day"*

दिन प्रतिदिन जो कुछ हम कर रहे रहे है वह कुछ हम दिन प्रतिदिन बन रहे हैं।

दोस्तों

मेरा मतलब यहां बहुत साफ है हम वही है जो हम करे रहें है
जैसे एक लाइन है *"हमे वही मिलता है जिसके बारे मे हम जागरूक होते हैं।*

आज हम जहां है ये एक दिन का रिजल्ट नही है ये अनगिनत दिनों मे अनगिनत बार किये गए अभ्यासों का रिजल्ट है।

चाहे जो भी हो ये अनगिनत बार का रिजल्ट है अनगिनत दिनों का रिजल्ट है
हमारा आज सोचने का ढंग, बात करने का लहजा, मुस्कराने का तरीका, लिखने का ढंग, कहानिया कहने की कला, बोलने का स्टाइल
सबकुछ ,हर चीज ,एवरीथिंग।

अगर हमे सफल होंना है तो हमे हर दिन, हर मिनट सफल होना होगा
अगर हमे एक्सपर्ट बनना है तो हमे हर सेकंड एक्सपर्ट से काम करना होगा।
अगर हमे ऊंची छलांग लगानी है तो ऊंची छलांग की हर दिन प्रेक्टिस करनी होगी।

जैसे एक एक मीटर 1000 मिली मीटर से बना है इसमे हर मिली मीटर का बराबर महत्व है एक मीटर बनाने के लिए 1 मिली मीटर को एक हजार बार जोड़ना ही होगा। नही तो मीटर नही बन पाएगा

ऐसे ही हमारा हर काम, हर छोटा लम्हा, हर इत्ती सी बात हमारी जिंदगी मे दखल दे रही है जो हम दोहराते जा रहे है और उसी परिणाम से हम बनते जा रहे हैं।

*मैं आपकों बता दूं कि प्रकृति बहुत ईमानदार सौदागर है यह हर चीज  का हिसाब बराबर करती है।*

अब सवाल ये है???

क्या आप हर दिन, हर मिनट सफल होने की कोशिश कर रहे है ?

क्या अपने आपको सकारत्मक पाठ पढ़ा पा रहें हैं?

क्या हम प्रॉब्लेम के बजाय खुद को सल्यूशन का हिस्सा बना रहे है?

*या तो हम लक्ष्य की ओर  जा रहे है  या फिर हम लक्ष्य से दूर जा रहे है। अंडा या तो ताजा होता है या बासी, बीच का कोई रास्ता नही होता है*

जब भी आप जहां हैं वहां से निकलने की कोशिश करेंगे तब तब आपको सबसे पहले खुद से लड़ना पड़ेंगा। पहले खुद से बाहर निकालना होगा। हमारा शरीर जल्दी कुछ लेता भी नही है और जल्दी कुछ छोड़ता भी नही है।
जैसा कि *न्यूटन* का नियम भी है *"हम जिस अवस्था मे हैं उस अवस्था से निकलने के लिए हमे उससे ज्यादा बल लगाना पड़ेगा जितना उस अवस्था मे बने रहने के लिए लगाया गया है"*

तोड़ दीजिये असफलता की जंजीरें
छोड़ दीजिये कमजोरियों का रोना धोना

शुरू करते सफलता की पैकिंग करना
आइए चलते है सपनो के रास्ते।

आपको  एक दिन मे सौ रुपए इकट्ठा करना कठिन हो सकता है लेकिन क्या एक रुपए करना भी?

*अगर हर दिन आपके कदम सफलता की ओर*
*तो एक दिन आप सफलता के शीर्ष की पर होंगे।*

शुक्रिया

Monday, 12 December 2016

5 D for the Goal

💥 *Today's Chapter* 💥

In life we need for anything 5 D. For setting our goal and making it real on surface.

That is▶

🔑 *Direction* - We should have absolute plan for targeting anything in written not oral. The way by which we shall travel for our goal is *Direction*.

🔑 *Dedication* - Unbreakable faith in our goal and mission  till we achieve our motto.

🔑 *Determination* - Its mean we will always move on our path. Anyhow we shall not leave our path.  We shall stand on our path like a rock  shore of the ocean.

🔑 *Discipline* - Its mean complete your task at time which have been mentioned.
Its a habit also to make done work in time.

🔑 *Deadline* - Any goal is not perfect till we bound it by time. You make a date on which you cheer after finding your goal. Its more important part of goal setting.

Then make a goal in your life now.
We are with you always in every single moment of your life.

If anywhere anything is wrong in this article please mention we shall correct immediate.

Thanks
✍�
Abhishek Tiwari

Sunday, 4 December 2016

5 Tips to boost your confidence

🔹  *5* Tips too boost your confidence 🔹

*"Experience tells you what to do; confidence allows you to do it."*

All of us need a pat on the back from time to time to stay motivated and carry on, especially when the going gets tough. After all, confidence makes everything better and easily achievable. It feels good to be self confident, which perpetuates more confidence , impresses people and brings in success. Here are some confidence building  measures to help you feel better about yourself.

👉� *Think positive and know your worth*

Positive thinking is the first step towards boosting confidence. Your mind is powerful and whatever you try to convince, it starts believing in it. So, be careful of what you allow your mind to be exposed to. Whatever you do , replace the negative stream with a positive one to boost your confidence. Confidence breeds confidence - mix with positive people as the confidence  emanating from them will help you gain Confidence. Be aware of your worth. Remind yourself of or write down your accomplishments in work and you will feel stronger and confident.

👉� *Dump the past and decide what you want*

Forget your past mistakes and failures and try to begin afresh. Just remember that you can begin from this point to create something new, erasing the past completely. You have total control on your reactions, so act calmly with out holding someone responsible . Decide what you want for future and pursue it perseveringly. Having  a goal gives your life directions.

👉� *Be philosophical and accept failures reminding yourself of the good things you have had.*

When things tend to go a little awry, put events into perspective. Accepting failures as natural and obvious occurrences in life is the key to self confidence. Talking failures to be part of life will not shatter you and you will be able to carry on with confidence and greater zeal. Just keep reminding yourself of the good things you have received. Remember Anthony Robbin's quote in these tough times: *"If you have ever done anything successfully, you can do it again."*

👉� *Learn something new:*

When the going gets tough, pick up a new skill. Learn something new to enhance your self confidence. Apart from building your knowledge base, it helps you to cope with the situation better.

👉� *Pay attention to appearences:*

When you look good, you tend to feel good. So, taking care of your appearance and grooming yourself well is an important confidence building measure. Work on improving your body language as that emanates the aura of your personality.
But remember, what is most important is to value yourself and treat you self well as this is one of the most important means for gaining self confidence. Building up self confidence does take time and commitment, *but once there, there be no looking back.*  

Thanks a lot

Abhishek Tiwari
*The Entrepreneurs Program*

Saturday, 3 December 2016

हैपीनेस एंड सक्सेस

आज हम आपके साथ मेंटल सैटिसफैक्शन के बारे कुछ चीजे शेयर करेंगे ।

लाइफ मे हमे खुद को खुश और संतुष्ट रखने का सबसे बेहतर फॉर्मूला ढूंढते रहते है लेकिन प्रोब्लेम हमारे पास ये होती है की हम अपने खुशी का रिमोट किसी और के हाँथ मे दिए होते हैं मतलब की हम खुश नही है क्योंकि उसने अच्छा काम नही किया। हम खुश नही हैं क्योंकि हमे अच्छी चटनी खाने को नही मिली । हम खुश नही है क्योंकि हमारा साथी हमारा मदद नही कर रहा है

हमे कई दफा लेने से पहले देना पड़ेगा क्योंकि नेचर प्री- पेड सर्विस पर विश्वास करती है जैसा की रिचर्ड टेम्पलर अपनी किताब मे लिखा है कि जिंदगी मूल्य चुकाने के बाद ही हमे कुछ देती है अगर हमे किसी से कोई समस्या हो रही है तो इसका सीधा सा मतलब है कि उसको भी हमसे कहीं न कहीं न कोई प्रोब्लेम है
इसका विश्लेषण करने की जरूरत है

साहब आप अगर किसी को अच्छा फील कराते हैं तो नेचर के गणित के हिसाब से आपको अच्छा फील होना ही है

अगर आप अपनी खुशी को दूसरे के हवाले, मौसम के हवाले, परिस्थिति के हवाले, बहानो के हवाले करते हैं तो मैं लिख कर दे सकता हूँ कि आप खुश कभी नही हो सकते है आप तभी हो सकेंगे जब आप इसे फील करेंगे।

जैसे आप किसी को पैसा कब दे पाएंगे ? शायद तब जब आपके पास होगा।
तो सोचिये की आप किसी को कैसे खुशी, प्यार दे सकते है जब तक आपके पास खुद ही नही है।

ये पोस्ट मैं अभी इसलिए लिखा है क्योंकि हमारा मेंटल सैटिस्फैक्शन बहुत जरूरी है

अभी कुछ सेकंड पहले मैं अपने बहुत अच्छे क्लाइंट से मिलकर आया और उनका व्यवहार हमारे दिल मे उतर गया। उन्होंने हमे एक्सप्रेस का मौका दिया और फील कराया की हम इम्पोर्टेन्ट है और आते हम और हमारे फ्रेंड को चॉकलेट गिफ्ट किया। हालांकि उन्होंने हमारा ज्यादा समान नही लिया लेकिन फील हैपीनेस कराया।
जब हमने उनसे पूंछा की सर आप ऐसा कैसे कर लेते है इससे तो आपका नुकसान हो जाता है
उनके जवाब ने हमे अवाक कर दिया।
उन्होंने कहा,"दोस्त मैं बिजनेसमैन हु और जनता हु कि इस दुनिया मे बिना इन्वेस्ट किये कुछ नही मिलता है मैं खुशियाँ इन्वेस्ट कर रहा हूँ इसलिए  खुशियाँ कई गुना हर रोज मुझे   मिल रही है जो इन सब से बहुत ज्यादा है"

इन बातों के हमारा सारा प्रोडक्ट बौना ही गया था क्योंकि इस इंसान के पास कोई प्रोब्लेम आ ही नही सकती है इनके लिए हर रोज पता नही कितनी दुआएं हो जाती है

आप लोगों को  क्या देते है या क्या लेते है यह सबकुछ भूला दिया जायेगा लेकिन आपने उन्हें क्या फील कराया था यह हमेशा याद रखा जाता है

सवाल ये है कि आज हम अपनी खुशी के लिए कितना इन्वेस्ट कर रहे है?
कितने लोगों को हम हैप्पीनेस फील करा रहे हैं?
कितने लोगों के जिंदगी मे गं सकरात्मक परिवर्तन ला पा रहें है?

यह पोस्ट हमारे विजन से थोड़ा अलग है लेकिन हम ये भी ढूंढना चाहते है कि हम कितने खुश हैं

*तो शुरुआत करिये*
*Just begin Now*

साहब आप सबने इस पोस्ट को ध्यान से पढ़ा है तो हम आपकी प्रतिक्रिया जरूर चाहते है।

शुक्रिया


Abhishek Tiwari

Thursday, 1 December 2016

जीवन और सफलता पार्ट1

🎤🎤🎤🎤🎤🎤🎤🎤🎤

🔹लाइफ और सफलता part 1🔸

दोस्तों

पहले मैं सोचता रहता था कि A B C D अल्फाबेट मे E पहले क्यों नही आ गया या G आखिर A के बाद क्यों नही आ सकता है। और ऐसी कितनी चीजे आती रहती थी।
ऐसे ही  क ख ग घ मे भी सोचता आखिर इनको ऐसा क्यों रखा गया है इनको दूसरे तरीके से भी रखा  जा सकता है।

आज हम सफलता को पन्नों गलियों और फाइलों मे खोज रहे है तो समझ मे आता है सफलता के सूत्र तो हमारे सामने ही है

"आज यह सोचकर बाहर निकले कि कोई मेरा दोस्त बन सकता है तो जवाब है शायद ...कोई।
लेकिन अगर आप यह सोचकर बाहर निकले कि आप किसी के दोस्त बन जाएंगे तो आपके पास दोस्तों की कमी होगी नही।"

कल के दिन मे जितने भी क्लाइंट से मिला सबसे मैंने कहा "हैव अ नाइस डे" और आश्चर्यचकित कर देने वाली ये बात हुई की सभी ने मुझे भी विश किया और मेरा दिन रोज की तुलना मे और अच्छा बिता।
जब मैं हर मोर्निंग मे 500 लोगों के करीब मेसज सेंड करता हूँ तो 200 लोगों का रीपलय आता है मतलब मुझे हर सुबह 200 लोग मॉर्निंग विश करने वाले है
ये इसलिए हैं किये क्योंकि हमने इन्हें पहले किया था

वैसे भी अल्फाबेट मे
G के  बाद T
Give thenTake
द  के बाद ल
दो  तब लो

क के बाद प
करो तो पाओ
D के बाद F
Do then Find

यह है सफलता का बड़ा रहस्य
हमेशा देते रहना पड़ेगा अगर हमे लेते रहना है क्योंकि प्रकृति के हिसाब बहुत साफ सुथरा और सभी के लिए बराबर है

यह कहानी तो आपने सुनी ही होगी कि एक बार एक एक वीरान जगह गया और उसे प्यास लग गयी काफी खोज करने के बाद एक नल दिखाई दिया जहां वह चल नही रहा था। उसके बगल मे एक जग रखा था जिसमे पानी था और उस पर लिखा था कि अगर आप यह अपनी हैण्डपम्प मे दल देते है तो आपको पानी मिलेगा और पानी पीने के बाद जग भरकर रख देना है।
वह आदमी असमंजस मे था की अगर जग का पानी डाल दिया तो पानी निकलेगा की नही और अगर जग का पानी पी लिया तो उसे कैसे भरूंगा?
आखिर डरते डरते उस आदमी ने पानी हैण्डपम्प मे डाल दिया और चलाया कुछ देर तक और पानी निकालना शुरू हो गया। आदमी ने पानी पिया और मग भरकर रखा और लिखा
" उसपर जो बात लिखी है वह बिल्कुल सही है लेकिन एक बात और भी है वो ये कि पानी हमारे देने से कहीं बहुत ज्यादा निकलता है"

तो दोस्तों आज हम जो भी कर रहे है है उसका रिजल्ट आएगा लापरवाही कर रहे है तो लापरवाही का आयेगा, टाल- मटोल कर रहे है तो टाल मटोल का आएगा जो भी कर रहे है उसका आएगा।

बहुत सारे लोग कहते है की मैं बहुत गरीब हूँ और और गरीब होता गया तो साहब के आपके लिए जवाब है कि आपने हमेशा रहने के लिए काम किया है

एक चुटकुला है इसी बात पर

एक आदमी एक पंडित जी को हाँथ दिखाया और पूंछा कि क्या है मेरे जीवन मे

पंडित जी बोले कि 45 साल तक तुम गरीब रहोगे।
"फिर" आदमी ने पूंछा
पंडित जी बोले" फिर तुम्हारी आदत पड़ जायेगी"

चर्चा जारी रखेगे
हमेशा
Wish you Wealth

Abhishek Tiwari

© The Entrepreneurs Program

लईदरशिप पार्ट 1

☝☝�☝�☝�☝�☝�☝�☝�☝�
साहब

मैं एक बात करना चाहता हु लीडरशिप पर ।

एक लीडर हमेशा संभावनाएँ देखता है और भीड़ हमेशा सुविधा

लीडर हमेशा ठोकरे खाता है, दर्द झेलता है,नाकामियों के लिए कोसा जाता है ,लोगों को संतुष्ट करने की कोशिश करता है

लेकिन उसे भरोसा  होता है अपने आप पर, अपने लोगों पर ।
उसके अंदर आस्था होती है

लीडरशिप बड़े होने या छोटे होने से नही आती है लीडरशिप काबिलियत, त्याग और मेहनत से आती है

जरूरी नही होता कि किसी के घर का बड़ा बेटा ही मालिक बने बल्कि मंझले या छोटे बेटे भी बनते है

एक कहावत है

"अगर आप अपने सपने पूरे करने के लिए प्रतिबद्ध नही हैं तो कोई और आपसे अपने सपने पूरे करने के लिए आपको प्रतिबद्ध कर देगा।"

चुनाव आपका है कि आगे बढ़कर आप एक लीडर बनना चाहते है और अपनी जिंदगी को खुद से दिशा देना चाहते है या फिर गाड़ी के डिब्बे की तरह पीछे पीछे लग्न चाहते है

जिंदगी आपकी चुनाव आपका

हर कदम आपके साथ....
आपका
अभिषेक तिवारी
🌞🌞🌞🌞🌞🌞🌙🌙🌟

सफलता की आदते पार्ट 1

बहुत सफल  ,सफल और असफल लोगों के बीच का अंतर

आपके साथ सफल होने का सबसे बड़े रहस्यों मे से एक रहस्य शेयर करने चल रहा हूँ

साहब
लोग कहते है कि सफल होना सबके बस की बात नही होती है ये कुछ विरले लोग ही होते है जो सफल होते है लोग दुहाई देते है की गॉड गिफ्टेड हैं या ऐसी पता नही कितनी दकियानूसी भरी और निहायत बेवकूफाना वाली बातें करतें है

लेकिन कुछ बाते अलग मतलब मे सही भी होती है
जैसे कि कुछ लोग ही अति सफल होतें हैं

अति सफल लोग वो हैं जो सपने जी रहें है

सफल वो है जो अपनी गाड़ी खींच रहे है

और वो लोग असफल है जो अपनी व्यवस्था नही कर पा रहे है

आपको मैं रहस्य बता रहा हूँ
और रहस्य है और उनकी आदत।

एक मील और चलें।

हम सभी लोगों मे से हर कोई अपनी जीविका सेवा देकर कमा रहा है चाहे वह प्रोडक्ट के जरिये हो, सर्विस के जरिये हो या फिर आइडियाके जरिये हो।

क्या इसके अलावा कुछ और होता है?

अब वो हर इंसान जो अपने व्यवसाय नौकरी और जिस भी क्षेत्र मे वो है उससे अधिक देता है जितने का वह भुगतान पाता है तो वही अति सफल है जो उतना देता है जितना वह पाता है और जो उतना भी नही देता जितना पाता है वो असफल है

जैसे
किस पेट्रोल पम्प पर तेल फुल कराना पसंद करेंगे
पहला ~ आप जाते है तो पेट्रोल भरने के साथ साथ आपके कार का शीशा भी पोंछ दिया जाता है और हवा भी चेक हो जाती है

दूसरा~आपके कार जैसे तैसे पेट्रोल भर देते है

तीसरा~ आपके पेट्रोल मे भी चोरी कर लेता है पम्प वाला
मतलब जितने का भुगतान उससे भी कम की सेवा

कहाँ जाएंगे साहब आप

बिल्कुल यही हाल हमारी जिंदगी का है

ज्यादा कुछ करने से आपका नुकसान नही होता बल्कि आपको दो गुना नही चार गुना नही बल्कि हजार गुना तक आपको फायदा हो सकता है

आप कहोगे अभिषेक तुम नही जानते मेरा बॉस बहुत गड़बड़ इंसान उनके लिए जितना करता हु उतना ही कम होता है वो कभी यह नही समझेंगे।

तो सर आपको बताना चाहूँगा कि इस दुनिया मे हर चीज का परिणाम आता है आपका ज्यफ देने की आदत कहीं न कहीं आपको ज्यादा मिलने के लिए रास्ता बना ही देगी।

आप किस वकील को अपना केस देना पसंद करेंगे

पहला~ वह वकील हर चीज आपके लिए बेहतर ढंग से कर रहा है

दूसरा~ जो धीरे धीरे आपके काम को कर रहा है

तीसरा~ जो बताने समझाने पर भी मस्ती कर रहा है

जवाब आप जानते है।

बहुत सारे उदाहरण है

रहस्य ये है कि अगर आप अतिसफल होना चाहते है तो आपको एक कदम और आगे चलना पड़ेगा

सफलता आपके कदम चूम लेगी।

शुक्रिया

चर्चा जारी है...
इंतजार आपके सहभागिता का

मैपिंग एंड मिररिंग

🍂🔹मैपिंग एंड मिररिंग🔸🍃

दोस्तों

जो चीज हम करते है प्रकृति उसका जवाब हमे उसी रूप मे देती है

अगर हम मुस्करा कर किसी से बात करते है तो हमे भी मुस्कराहट मिलती है अगर हम सकरात्मक बातें करते है तो ज्यादातर हमे सकरात्मक लोग ही मिलेंगे।

अगर हम ऊर्जा से भरपूर हैं तो हमे ऊर्जा से भरपूर लोग मिलेंगे।

अगर हम गुस्से से तमतमाने वाले चेहरे से बात करते है तो लोग भी हमसे गुस्से भारी नजरो से बात करते हैं।

अगर हम अपशब्दों से बात करते है तो हमसे भी अपशब्दों से ही बात होगी।

तो आज से आपके काम का, आपके जीवन का जो भी मौका हो अगर आप वहां गौर से देखेंगे तो वहां मिररिंग ही होती है

एक लाइन मे कहे तो❗

🔰GIGO
G~ Garbage
I~ In
G~ Garbage
O~ Out

मतलब जैसा इनपुट देंगे लाइफ मे हमे बिल्कुल वैसे ही आउटपुट मिलेगा।

बहुत सारे नियम
चर्चा जारी है.....

नेटवर्क और सफलता पार्ट 1

💡नेटवर्क और सफलता💡
🐾 Part -1🐾

"जितना बड़ा और मजबूत आपका नेटवर्क उतनी बड़ी आपकी सफलता"

दोस्तों आज हम सफलता को ढूंढ रहे है नए नए प्रयोग कर रहे है की ज्यादा से ज्यादा कामयाबी मिले लेकिन हम ये भूल जाते है की सफलता के जो सूत्र पहले थे वो आज भी है उनका महत्व आज भी है

और उनमे से एक पर मैं अपनी बात रख रहा हूँ

आपको क्लास 4 की मैथ्स तो याद ही होगी। उसमे ऐकिक नियम के कुछ सवाल थे जैसे आप एक काम को 10 मे करते है तो 5 आदमी कितने दिन मे करेंगे? याद आया !शायद आ गया होगा!
अगर आपको 1000 लोगों को कार्ड देना है और आप। एक दिन मे 10 कार्ड दे सकते है तो इस हिसाब से कितने दिनों मे लोगों को कार्ड दे पाएंगे?   अगर मैं गलत नही हूँ तो बिना रुके थके 100 दिन मे। है न!
अगर एक दिन हम 10 लोगों को दे दें और वो लोग भी 10 दें और और अगले 10 -10 लोग भी दे तो कार्ड तो तीसरे दिन ही बंट गया।

पहले दिन आप अकेले
1*10=10
दूसरे दिन
10×10=100
तीसरे दिन
100×10=1000

मतलब आपका काम सिर्फ 10 लोगों तक पहुंचना था जो 10 लोगिन तक पहुंच सकते थे और उनको उनको 10 लोगों  तक पहुचने के लिए कह सकते है

अरे भाई सिम्पल भाषा मे क्या कभी किसी पार्टी के बूथ कार्यकर्ता या जिलाअध्यक्ष को आकर बताता है कि भाई अब ये मुद्दा उठाना है, अब ये बात लोगिन तक ले जाना है
शायद आपका भी जवाब है बिल्कुल नही।
वह प्रदेशाध्यक्ष को बताता है और वह जिलाध्यक्ष को और और यह बात क्रम से होती हुई जनता तक पहुंच जाती है क्या लगता है इसमे एक साल लगता है , एक महीने लगता है, एक दिन लगता है बिल्कुल नही।  1 घंटे भी नही लगता है आज सूचना के दौर मे।

आपके कंपनी का टारगेट आपको आपके एमडी आकर बताते है की इस बार आपको इतना परफार्मेंस देनी है
दुबारा बिल्कुल नही।
एमडी मैनेजर्स को मैनेजर्स टीम लीडर को और टीम लीडर को और वो कुछ मिनटों के अंदर ही।

कैसे ये हो जाता है ?
क्या है ये सब?
कोई जादू वादू तो नही

आगे भी चर्चा करूँगा शाम मे आपसे ये तो
हा  हा हा हा ट्रेलर है  बॉस

चर्चा जारी है...
आपकी सहभागिता और सुझाव की हम कद्र करते है

शुक्रिया

© अभिषेक तिवारी
The Entrepreneurs Program